इस बार के अंतरिम बजट में सरकार ने सभी वर्गों का ध्यान रखा है. सरकार
ने इस बजट में कई बड़े तोहफे दिए हैं, जिनमें से एक 5 लाख तक सालाना कमाई
वाले लोगों को इनकम टैक्स में मिली छूट भी है. इसके अलावा सरकार ने इस बजट
में स्टैंडर्ड डिडक्शन को भी 40 हज़ार से बढ़ाकर 50 हज़ार रुपये कर दिया
है.
बजट में इस बार गरीबों, किसानों और मध्यम वर्ग के लोगों को राहत
देने के लिए ऐतिहासिक कदम उठाए गए हैं. इनमें सबसे ख़ास है आयकर योग्य
न्यूनतम आय की सीमा 2.5 लाख से बढ़ाकर 5 लाख करना.यह सीमा 6.5 लाख तक बढ़
सकती है यदि व्यक्ति भविष्य निधि (पीएफ) जैसे कुछ निर्धारित योजनाओं में
निवेश करता है. इस ऐतिहासिक कदम से मध्यम आय वर्ग के लगभग 3 करोड़ व्यक्ति
लाभान्वित होंगे.
बजट में निश्चित आय वर्ग के लिए कई अहम प्रावधान
किेए गए हैं. इनमें प्रमुख हैं स्टैंडर्ड डिडक्शन की सीमा को 40 हजार से
बढ़ाकर 50 हजार किया जाना, पोस्ट आफिस और बैंको में बचत पर ब्याज से होने
वाली आय पर छूट की सीमा 10 हजार से बढ़ाकर 40 हजार किया जाना और किराए पर
आयकर में छूट की सीमा 1 लाख 80 हजार से बढ़ाकर 2 लाख 40 हजार किया जाना.
बजट
में किए गए ये ऐतिहासिक प्रावधान आम आदमी के लिए बड़ी राहत का संदेश लेकर
आए हैं. इनसे देश की अर्थव्यवस्था को भी एक नई ऊर्जा मिलने की आशा है.