अंतरिम बजट 2019 को जन-जन का बजट करार दिया जा रहा है, जिसमें हर वर्ग
के लिए कुछ न कुछ है. विशेष तौर पर समाज के उन वर्गों पर ख़ास तवज्जो दी गई
है, जिन्हें राहत की बहुत ज़रूरत और उम्मीद भी थी.
अंतरिम बजट में
सरकार ने देश के हर वर्ग के कल्याण की कोशिश की है और ये ‘सबका साथ, सबका
विकास’ की सरकार की नीति का ही अगला चरण है. बजट पेश करने के बाद डीडी
न्यूज़ को दिए एक्सक्लूसिव साक्षात्कार में वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने भी
कहा कि यह बजट ‘सबका साथ, सबका विकास’ के सिद्धांत को ध्यान में रखकर बनाया
गया है.
सरकार के तमाम मंत्रियों ने भी बजट की जोरदार तारीफ की और
इसे ऐतिहासिक करार दिया. नीति आयोग ने अंतरिम बजट को एक संतुलित और विकास
आधारित बजट करार देते हुए कहा कि आयकर में छूट से न सिर्फ आम आदमी को राहत
मिली है बल्कि इससे अर्थव्यस्था में भी तेज़ी देखने को मिलेगी. उद्योग जगत
ने भी बजट का स्वागत किया है, हालांकि विपक्ष ने बजट को चुनावी बताया है.
विपक्ष कुछ भी कह रहा हो लेकिन बजट आम आदमी के हित में है और इसमें हर वर्ग के हित का ध्यान रखा गया है.