15 जुलाई तक सभी आंगनवाड़ी केन्द्रों का समय सुबह 7:30 से 10:00 करने के दिए निर्देश
चंडीगढ – ‘‘पंजाब सरकार मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह के दूरदर्शी और योग्य नेतृत्व में आंगनवाड़ी वर्करों और हैल्परों के कल्याण के लिए वचनबद्ध है और इस सम्बन्धी नयी नीतियाँ और अपेक्षित ढांचा मुहैया करवाने के लिए निश्छलता पूर्वक यत्नशील है।’’यह खुलासा सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अरुणा चौधरी ने आज विभिन्न आंगनवाड़ी वर्करज़ यूनियनों के नुमायंदों के साथ हुई मीटिंग के दौरान किया। इस मीटिंग में राज्य भर की सभी आंगनवाड़ी यूनियनों जैसे कि ऑल पंजाब आंगनवाड़ी मुलाज़ीम यूनियन, आंगनवाड़ी मुलाज़ीम यूनियन पंजाब(सी.आई.टी.यू) और ऑल इंडिया आंगनवाड़ी वर्करज़ एंड हैल्पर्ज़ यूनियन, पंजाब (ए.आई.टी.यू.सी) ने भाग लिया।मंत्री ने यूनियनों द्वारा रखी सभी माँगों को बहुत ग़ौर से सुनते हुए कहा कि आंगनवाड़ी वर्करों, हैल्परों के साथ-साथ करैच्च वर्करों के वेतन समय पर नियमित ढंग से अदा किए जाएंगे। सरकारी स्कूलों में प्री-प्राईमरी क्लासों में दाखि़ल हुए 3-6 साल के बच्चों को आंगनवाड़ी केन्द्रों में भेजने सम्बन्धी माँग को यकीनी बनाने सम्बन्धी मंत्री ने उक्त मुद्दे को बहुत जल्द स्कूल शिक्षा विभाग के साथ विचारने का भरोसा दिया।आंगनवाड़ी वर्करों और हैल्परों को सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं जैसे कि ई.एस.आई, पी.पी.एफ आदि मुहैया कराने सम्बन्धी माँगों बाबत पुन: बोलते हुए श्रीमती चौधरी ने इस मुद्दे को पूरी निश्छलता से स्वास्थ्य विभाग के साथ विचारने की बात कही। हरेक वर्कर को 200 रुपए वित्तीय सहायता और गर्भवती महिलाओं को फार्म भरने आदि कार्यों में सहयोग देने वाले हरेक हैल्पर को 100 रुपए वित्तीय सहायता देने की माँग को पूरा करने सम्बन्धी मंत्री ने वित्त विभाग के साथ उक्त मुद्दे के प्रति हमदर्दी भरा रूख इख्तियार करने का भरोसा भी दिया। मंत्री ने अन्य जानकारी देते हुए बताया कि यूनियनों की अन्य माँगों जैसे कि हरेक आंगनवाड़ी वर्कर को 1500 रुपए और हैल्पर को 750 रुपए के हिसाब से वेतन देना, यातायात भत्ता 200 रुपए करना, एडवाईजऱी बोर्ड और बाल कल्याण बोर्ड काऊंसल के ऐंबिट में से 8 ब्लाकों को बाहर रखने और राज्य सरकार के अधीन लेकर आने, मिनी केन्द्रों को मेन केंद्र घोषित करना, सिफऱ् आंगनवाड़ी वर्करों में से ही सुपरवाईजऱ की भर्ती करना और निजी सहमति के आधार पर वर्करों और हैल्परों की आपसी तबादले कराने आदि माँगों के प्रति भी खुला और विश्वसनिय व्यवहार इख्तियार किया जायेगा।श्रीमती चौधरी ने केन्द्रों में खुराक और राशन की गुणवत्ता को बरकरार रखने सम्बन्धी निर्देश दिए और किसी किस्म की कोई कोताही को बर्दाश्त न करने सम्बन्धी सचेत भी किया। इस मौके पर मंत्री ने बदलते समय की ज़रूरतों के मद्देनजऱ आंगनवाड़ी वर्करों को मॉडर्न तकनीकों से वाकिफ़ कराने हेतु इन केन्द्रों को अधिक आधुनिक बनाने की वकालत भी की।ऐसी मीटिंगों को निरंतर तौर पर हरेक तिमाही में बुलाए जाने के निर्देश देते हुए श्रीमती चौधरी ने केन्द्रों का समय 15 जुलाई तक प्रात:काल 7:30 से बदलकर सुबह 10:00 बजे करने की घोषणा भी की जिससे वर्करों को तपती गर्मी से राहत दी जा सके।
इस मौके पर विभाग की प्रमुख सचिव, श्रीमती राजी पी. श्रीवास्तव, डायरैक्टर श्रीमती गुरप्रीत कौर सपरा, ऑल पंजाब आंगनवाड़ी मुलाज़ीम यूनियन की प्रधान श्रीमती हरगोबिन्द कौर, ऑल इंडिया फेडरेशन ऑफ आंगनवाड़ी वर्करज़ और हैल्परज़ की प्रधान ऊषा रानी भी मौजूद थे।