हिमाचल प्रदेश

मुख्यमंत्री ने कांगड़ा जिले में कोविड मरीजों के लिए बिस्तरों की क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए

मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज चम्बा से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कांगड़ा जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिले में कोविड के मामलों में हुई तीव्र वृद्धि के दृष्टिगत कोविड रोगियों की सुविधा के लिए बिस्तरों की क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए।मुख्यमंत्री ने कहा कि कांगड़ा जिले के परौर में अस्थाई प्रबन्ध किए जाएंगे जिससे अगले दस दिनों में 250 अतिरिक्त बिस्तरों की क्षमता उपलब्ध होगी। आने वाले दिनों में यहां बिस्तरों की क्षमता को लगभग 1000 तक बढ़ा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से बीमार रोगियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करने के लिए आईसीयू बिस्तरों की क्षमता बढ़ाने के अलावा आॅक्सीजन की सुचारू आपूर्ति की जानी चाहिए।

जय राम ठाकुर ने कहा कि आरटीपीसीआर टेस्ट के लिए निजी प्रयोगशालाओं को भी सूचीबद्ध किया जाना चाहिए ताकि अधिक संख्या में कोविड के लिए जांच की जा सके और रोगियों को जल्द से जल्द जांच की रिपोर्ट उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि रोगियों को अस्पताल ले जाने और उपचार के उपरांत घर वापिस छोड़ने को वाहनों की सुविधा प्रदान करने के लिए प्रभावी तंत्र विकसित करना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्र सरकार ने प्रदेश के लिए छह पीएसए आॅक्सीजन प्लांट स्वीकृत किए हैं। इन्हें नागरिक अस्पताल पालमपुर, क्षेत्रीय अस्पताल मण्डी, शिमला जिले के नागरिक अस्पताल रोहड़ू व नागरिक अस्पताल खनेरी, डाॅ. यशवंत सिंह परमार राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल नाहन और क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में स्थापित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे इन स्वास्थ्य संस्थानों में 1400 बिस्तरों को आॅक्सीजन की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित होगी।

जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने कोविड अस्पताल में तैनात विभिन्न श्रेणियों के चिकित्सकों और पैरा मेडिकल स्टाफ को 30 जून, 2021 तक प्रोत्साहन राशि देने का निर्णय लिया है। चैथे व पांचवें वर्ष के एमबीबीएस विद्यार्थियों, अनुबंध चिकित्सकों, सीनियर और जूनियर रेजिडेंट डाॅक्टरों को 3000 रुपये प्रतिमाह का प्रोत्साहन दिया जाएगा। कोविड ड्यूटी पर तैनात नर्सिंग विद्यार्थियों, जीएनएम तृतीय वर्ष के विद्यार्थियों और अनुबंध प्रयोगशाला स्टाफ को 1500 रुपये प्रतिमाह का प्रोत्साहन प्रदान किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पूरे राज्य और विशेषकर उन जिलों में बिस्तरों की क्षमता बढ़ाने के हर संभव प्रयास कर रही है जहां कोविड-19 के मामले अधिक हैं। उन्होंने कहा कि इसके अलावा परौर में बिस्तरों की क्षमता को 1000 तक बढ़ाया जाएगा। मण्डी के राधास्वामी सत्संग ब्यास परिसर में 200 बिस्तरों की क्षमता और आईजीएमसी शिमला के नए ओपीडी ब्लाॅक में अतिरिक्त 300 बिस्तरों की क्षमता सृजित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अलावा बद्दी-बरोटीवाला क्षेत्र में कोविड रोगियों के लिए अतिरिक्त 500 बिस्तरों की सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए उपयुक्त स्थान चयनित कर लिया गया है।

इसके उपरांत मुख्यमंत्री ने कांगड़ा जिला में परौर स्थित राधास्वामी सत्संग ब्यास का दौरा किया और अस्थाई कोविड अस्पताल के शीघ्र निार्मण के निर्देश दिए।

उपायुक्त कांगड़ा राकेश प्रजापति ने कहा कि अब तक जिले में कोविड के 359489 सैंपल की जांच की जा चुकी है, जिनमें से 19570 पाॅजीटिव पाए गए है। वर्तमान में जिले में 5384 सक्रिय मामले हैं और जिले की पाॅजीटिविटी दर 5.44 प्रतिशत जबकि रिकवरी दर 70.34 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि जिला में टीकाकरण अभियान सफलतापूर्वक चल रहा है और अभी तक अग्रिम पंक्ति के योद्धाओं, कोरोना योद्धाओं और 45 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों को वैक्सीन की 3,82,851 खुराकें दी जा चुकी हैं।

प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष विपिन सिंह परमार, उपाध्यक्ष हंस राज, सांसद इन्दु गोस्वामी, विधायक मुल्ख राज प्रेमी, वूल फेडरेशन के अध्यक्ष त्रिलोक कपूर, पूर्व विधायक प्रवीण शर्मा, डा. राजेन्द्र प्रसाद राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय टांडा के प्रधानाचार्य डाॅ. भानु अवस्थी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

nineteen − ten =

Most Popular

To Top