पंजाब

मुख्यमंत्री द्वारा पूर्व भाजपा मंत्री के निवास के आगे गोबर फेंकने के मामले में धारा 307 रद्द करने के हुक्म, एस.एच.ओ का किया तबादला

बन्दूक संस्कृति के प्रचार के दोष में श्री बराड़ की गिरफ़्तारी को सही बताया

चंडीगढ़ – पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने बुधवार को पूर्व भाजपा मंत्री के घर के आगे गोबर फेंकने वाले खेती कानून प्रदर्शनकारियों के खि़लाफ़ धारा 307 वापस लेने का हुक्म दिया।कैप्टन अमरिन्दर सिंह द्वारा प्रदर्शनकारियों पर ‘हत्या का प्रयास’ का मामला दर्ज करने वाले एसएचओ के तबादले का भी हुक्म दिया गया है, जिसकी अब विशेष जांच टीम (एसआईटी) द्वारा जांच की जा रही है।मुख्यमंत्री ने कहा कि आइपीसी की धारा 307 के अंतर्गत केस दर्ज करने के प्रति एसएचओ काफ़ी उत्तेजित हो गया। होशियारपुर कांड, जिसमें प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने पंजाब के पूर्व मंत्री तीक्षण सूद के घर के आगे गोबर से भरी ट्रॉली उतारी थी, का जि़क्र करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘इसमें हत्या की कोई कोशिश नहीं की गई।’’इसी दौरान मुख्यमंत्री ने एक संगीत वीडियो में बंदूक संस्कृति के प्रचार करने के दोष में पंजाबी गायक श्री बराड़ की गिरफ़्तारी को सही करार दिया। उन्होंने कहा कि इस ढंग से गैंगस्टरवाद और बंदूक संस्कृति का प्रचार करना बिल्कुल गलत है। उन्होंने आगे कहा कि इस मामले में केस सही ढंग से दर्ज किया गया जो इस गायक के पुराने गीत से सम्बन्धित है।कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने स्पष्ट किया कि इस गिरफ़्तारी का गायक की विरोध कर रहे किसानों के हक में डाली गई वीडियो के साथ कोई सम्बन्ध नहीं है जो वास्तव में सराहनीय है। हालाँकि, गायक द्वारा किये अच्छे कामों के बावजूद भी नौजवानों के में बंदूक संस्कृति का प्रचार करने वाले उसके पुराने गीतों के बुरा प्रभाव को नजरअन्दाज नहीं किया जा सकता। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरहदी राज्य होने के कारण पंजाब सरहद पार के खतरों का सामना करता आ रहा है। उन्होंने आगे कहा, ‘‘हम राज्य की शांति को किसी भी कीमत पर भंग नहीं होने देंगे’’, जो एसी भद्दी हरकतों के कारण भंग हो सकती है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

sixteen − 2 =

Most Popular

To Top