नई कस्टम मिलिंग नीति संबंधी राइस मिल्लरों को प्रैज़ेनटेशन के द्वारा दी गई जानकारी
चंडीगढ़ – पंजाब सरकार धान की सुचारू खरीद और केंद्रीय पूल में कस्टम मिल्ड चावल को पहुँचाने के लिए वचनबद्ध है। यह प्रकटावा आज यहाँ राइस मिलर्ज़ के लिए अनाज भवन में आयोजित की गई कारगुज़ारी आधारित नयी कस्टम मिलिंग नीति संबंधी विशेष प्रैज़ेनटेशन की अध्यक्षता करते हुए पंजाब राज्य के खाद्य और सिविल सप्लाई मंत्री श्री भारत भूषण आशू द्वारा किया गया। उन्होंने मिल्लरों को यकीन दिलाया कि उनकी सभी समस्याओं का हल इसी साल धान सम्बन्धी जारी की गई नीति में किया गया है।चावल मिल्लर एसोशिएशन के नुमायंदों के साथ अनाज भवन में बातचीत करते हुए श्री आशू ने कहा कि उनको पूरा विश्वास था कि राज्य सरकार मिलिंग की प्रक्रिया को निर्धारित समय से पहले पूरा कर लेगी। उन्होंने मिल मालिकों को मिलिंग पॉलिसी के सभी नियमों के पालन को यकीनी बनाने की अपील की। विभाग के अधिकारियों द्वारा एक प्रैज़ेनटेशन के द्वारा मिलजऱ् को के.एम.एस नीति संबंधी अवगत करवाने के बाद मंत्री ने मिल्लरों के साथ बातचीत की।इससे पहले अधिकारियों द्वारा प्रैज़ेनटेशन के द्वारा मिल्लरों को आगामी खरीफ मिलिंग सीजन 2019 -20 के दौरान मिलों को अलॉट किये जाने वाली फ्री पैडी की अलॉटमैंट का एकमात्र मापदंड, धान के भंडार की सुरक्षा को यकीनी बनाने के लिए बैंक गारंटी देने और कस्टम मिलिंग सिक्योरिटी, धान को किसी अन्य जगह तबदील करने को रोकने के लिए एन.एफ.एस.ए /पी.डी.एस. के अधीन ऐसे मामलों में इंडियन पैनल कोड और ज़रूरी सेवाएं एक्ट की सम्बन्धित धाराओं अधीन आपराधिक कार्यवाही करने के उपबंध संबंधी, राइस मिल्लर अपने खाते में धान की फ़सल /चावल की खरीद को यकीनी बनाऐंगे और मिल में असली व्यापारिक वस्तु के तौर पर भंडार करने और भंडारित चावल को कहीं और नहीं बरतने संबंधी, मिल्लर द्वारा खाते में कम- से -कम 150 मीट्रिक टन धान की फ़सल खरीदने और मिलों को ब्लैक लिस्ट करने के कारणों आदि संबंधी अवगत करवाया गया।किसी भी विवाद का प्रभावी और समयबद्ध ढंग से निपटारा करने की विधि संबंधी, अतिरिक्त धान की फ़सल जिले में या जिले से बाहर भेजने के लिए रिलीज ऑर्डर जारी करने की फीस सम्बन्धी भी जागरूक किया गया।