लायक अवसर मिलने पर फिर भारत लौट सकते हैं राजन
नई
दिल्ली – भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने कहा
कि उनके लायक यदि कोई अवसर मिलता है तो वह भारत लौटने को तैयार हैं। ऐसी
अटकलें हैं कि आम चुनाव के बाद यदि केंद्र में विपक्षी गठबंधन की सरकार
बनती है तो राजन देश के अगले वित्त मंत्री हो सकते हैं। अंतरराष्ट्रीय
मुद्रा कोष (आईएमएफ) के पूर्व मुख्य अर्थशास्त्री राजन ने कहा कि वह जहां
हैं, बहुत खुश हैं। लेकिन नए अवसरों के लिए तैयार हैं। राजन को भारतीय जनता
पार्टी के नेतृत्व वाली राजग सरकार ने रिजर्व बैंक के गवर्नर के तौर पर
दूसरा कार्यकाल नहीं दिया था।
राजन ने कहा है कि वो जहां हैं वहां
खुश हैं लेकिन नए अवसरों के लिए तैयार हैं। अपनी किताब थर्ड पिलर के लॉन्च
के मौके पर मंगलवार को उन्होंने ऐसा कहा। कार्यक्रम के दौरान राजन से पूछा
गया था कि क्या वो पब्लिक सर्विस या किसी राजनीतिक भूमिका के लिए भारत
लौटना पसंद करेंगे? राजन ने सितंबर 2016 में आरबीआई के गवर्नर का पद छोड़ा
था। सरकार ने उनका कार्यकाल आगे नहीं बढ़ाया था। मोदी सरकार और रघुराम राजन
के बीच ब्याज दरों और राजन के बयानों को लेकर अनबन रही थी।
कांग्रेस
अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को कहा था कि रघुराम राजन उन टॉप
अर्थशास्त्रियों में से एक हैं जिनसे उन्होंने कांग्रेस की न्यूनतम आय
योजना के ड्राफ्ट पर विचार-विमर्श किया था। राजन से मंगलवार को एक टीवी
इंटरव्यू में पूछा गया था कि अगर वो देश के वित्त मंत्री होते तो उनकी
प्राथमिकताएं क्या होती। राजन ने जवाब दिया था कि छोटी अवधि के कई मुद्दे
हैं। उन पर फोकस करने से कई प्रोजेक्ट पटरी पर लौट सकते हैं।
रघुराम
राजन ने कहा है कि आने वाले समय में उन्हें भारत में कोई मौका मिलेगा तो वो
जिम्मेदारी संभालने के लिए तैयार हैं। उनका बयान ऐसे समय आया है जब अटकलें
लगाई जा रही हैं कि अगर आम चुनाव में विपक्षी गठबंधन की जीत होती है तो
राजन वित्त मंत्री बन सकते हैं। वो अभी शिकागो यूनिवर्सिटी के बूथ स्कूल ऑफ
बिजनेस में फाइनेंस के प्रोफेसर हैं। राजन ने अपनी नई किताब ‘द थर्ड पिलर’
का मंगलवार शाम विमोचन करने के मौके पर कहा कि मैं जहां हूं, बहुत खुश
हूं। लेकिन, यदि मेरे लायक कोई अवसर आता है तो मैं हमेशा वहां रहना
चाहूंगा। राजन से यह पूछा गया था कि क्या वह सार्वजनिक सेवा या राजनीतिक
भूमिका में भारत लौटना चाहेंगे। वह फिलहाल शिकागो यूनिवर्सिटी के बूथ स्कूल
ऑफ बिजनेस में फाइनेंस विषय के प्रोफेसर हैं।