उन्नाव रेप पीड़िता के ऐक्सिडेंट मामले में केस दर्ज करने के बाद सीबीआई ऐक्शन में आ गई है। सीबीआई की तीन सदस्यों की टीम आज रायबरेली में उस जगह पर जांच करने पहुंची, जहां रेप पीड़िता और उनके परिवार का ऐक्सिडेंट हुआ था। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर सबसे पहले पहुंचे पुलिस अधिकारियों से भी सीबीआई की टीम ने बातचीत की। इस बीच कड़ी सुरक्षा के बीच पीड़िता की चाची का अंतिम संस्कार कर दिया गया।उन्नाव रेप पीड़िता और उसके परिवार के साथ सड़क दुर्घटनाका मामले की गूंज सीबीआई के साथ-साथ लोकसभा और सुप्रीम कोर्ट में भी देखने को मिली।सीबीआई ने उन्नाव रेप पीड़िता और उसके परिजनों के साथ हुई सड़क दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है, रायबरेली के गुरुबख्सगंज पुलिस स्टेशन के अंदर आने वाले घटनास्थल पर पहुंचकर सीबीआई ने जांच शुरू कर दी है। दरअसल सीबीआई ने बीजेपी एमएळए कुलदीप सिंह सेंगर और 10 अन्य के खिलाफ नामजद एफआईआऱ दर्ज की है, केन्द्रीय जांच एजेंसी ने उत्तर प्रदेश पुलिस से केस लेने के बाद इस मामले में एफआईआऱ दर्ज की, इस मामले में पीड़िता के चाचा महेश सिंह ने पहले यूपी पुलिस में एफआईआऱ दर्ज कराई थी।इस बीच पीड़ित के चाचा को अपनी पत्नी के अंतिम संस्कार के लिए एक दिन जमानत रायबरेली जेल से मिली।ऐसी भी खबरें हैं कि इस मामले में संदेह के आधार पर दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ चल रही है।वहीं.सुप्रीम कोर्ट ने उन्नाव रेप पीड़ित परिवार की ओर से CJI को लिखे खत का संज्ञान लिया। ये खत 12 जुलाई को लिखा गया था। सुप्रीमकोर्ट के चीफ जस्टिस सहित इलाहाबाद हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस,, यूपी के चीफ सेक्रेटरी, यूपी के डीजीपी सहित कई अधिकारियों को भेजा गया था। पत्र में आरोपियों पर पीड़ित परिवार को केस वापस लेने के लिए धमकाने के आरोप लगाए गए हैं। कोर्ट कल मामले की सुनवाई करेगा। CJI ने रजिस्ट्रार से भी रिपोर्ट तलब की कि आखिर ख़त को उनके सामने पेश करने में देरी क्यों हुई। उ.प्र. सरकार को भी पीड़ित लड़की की हालत को लेकर जवाब देना है। इस मामले की गूंज लोकसभा में भी सुनाई दी, सरकार से जवाब की मांग करते हुए विपक्षी दलों ने सदन में इस मुद्दे को उठाया और लोकसभा से वॉकआउट किया। लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि ये सदन को तय करना होगा कि राज्यों के विषय़ यहां उठाए जाएं या नहीं।दरअसल रविवार को उस कार को एक रायबरेली में एक ट्रक ने टक्कर मार दी थी जिसमें बलात्कार पीड़िता, उसका परिवार और वकील सवार थे, इसमें दो लोगों की मौत हो गई थी, वहीं पीड़िता और उसका वकील घायल हो गया था। सोमवार को पीड़ित परिवार की शिकायत पर उत्तरप्रदेश पुलिस ने विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और नौ अन्य के खिलाफ दुर्घटना के पीछे षडयंत्र का केस दर्ज किया था।