आज कर्नाटक विधानसभा में कुमारस्वामी सरकार का बहुमत परीक्षण हो सकता है। 15 विधायकों के त्यागपत्र और दो निर्दलीय विधायकों की समर्थन वापसी से राज्य की कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार का अस्तित्व ख़तरे में है।कर्नाटक के सियासत में चल रहे नाटक के बीच आज जेडीएस-कांग्रेस गठबन्धन सरकार का बहुमत परीक्षण हो सकता है। मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने एक प्रेस रिलीज जारी कर बागी विधायकों से अपील की है कि बहुमत परीक्षण में शामिल होकर लोकतंत्र को मजूबत करें। इसी बीच विश्वास मत को लेकर राजनीतिक दल अपनी-अपनी रणनीति बनाने में जुटे हुए हैं।राज्य में सियासी बैठकों का दौर जारी है। इसके तहत बेंगलुरू में रविवार को भाजपा विधायक दल की बैठक हुई। जिसमें विश्वास मत को लेकर पार्टी का रणनीति पर चर्चा की गई। इसके साथ ही कांग्रेस ने भी बेंगलुरू में अपने विधायक दल की बैठक की। उच्चतम न्यायालय के फैसले पर स्पष्टीकरण के लिए कांग्रेस पार्टी उच्चतम न्यायालय गई थी। कांग्रेस ने अदालत से व्हिप के उल्लंघन के मुद्दे पर रूख साफ करने की मांग की थी। इसपर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हो सकती है।