चंडीगढ़ – राज्य में पिछले दिनों हुई बेमौसम बरसात के मद्देनजऱ और कटाई के उपरांत गेहूँ के दानों में नमी की और ज्यादा मात्रा होने के कारण पंजाब सरकार द्वारा किसानों को पूरी तरह सूखा गेहूँ ही मंडियों में लाने की अपील की गई है कृषि विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि मौजूदा रबी सीज़न के दौरान गेहूँ की सभ्य और परेशानी मुक्त खऱीद के लिए राज्य सरकार द्वारा ज़रुरी प्रबंध किये जा चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया कि किसानों को पूरी तरह पका हुआ पर सूखा गेहूँ मंडी में लाने की सलाह दी गई है जिससे भारतीय खाद्य निगम (एफ.सी.आई) द्वारा निर्धारित किये गए 12 फीसद नमी वाले मापदंड से अधिक नमी वाला गेहूँ मंडियों में न लाया जाये और किसानों को परेशान न होना पड़े। प्रवक्ता ने बताया कि इस साल तकरीबन 132 मीट्रिक टन गेहूँ पंजाब की मंडियों में आने की संभावना है और इसलिए ज़रुरी बारदाने, गेहूँ की स्टोरेज और किसानों को बनती पेमेंट आदि की समय पर अदायगी का पूरा प्रबंध किया जा चुका है। पंजाब सरकार की तरफ से जारी इस अपील में किसानों को अपनी फसल सूखने के उपरांत और 12 फीसद नमी की मात्रा और अन्य जारी मापदण्डों के अनुसार ही मंडी में लाने के लिए कहा गया है जिससे मंडियों में किसानों को इंतिज़ार न करना पड़े। इसके साथ ही सरकार की तरफ से समूह खरीद एजेंसियों और पंजाब मंडी बोर्ड के कर्मचारियों और अधिकारियों को कहा गया है कि वे गेहूँ के मंडीकरण सम्बन्धी किसानों को कोई समस्या न पेश आने दे