ब्रेक्ज़िट मसले पर प्रधानमंत्री थेरेसा मे को एक और झटका मिला है,
ब्रेक्जिट प्रक्रिया में बड़ी भूमिका निभाने के लिए हुए मतदान में ब्रिटेन
के सांसदों को बुधवार के लिए संसदीय कामकाज का नियंत्रण हासिल हो गया है.
ब्रिटेन
के सांसदों ने ब्रेक्जिट प्रक्रिया में बड़ी भूमिका निभाने के लिए सोमवार
को मतदान किया, जिससे उन्हें ब्रेक्जिट के विभिन्न विकल्पों के लिए अपनी
प्राथमिकता जाहिर करने का अधिकार मिल गया. हालांकि सरकार ने इस अप्रत्याशित
कदम को ”खतरनाक” बताया है. सांसदों ने 302 के मुक़ाबले 329 मतों से
बुधवार को संसदीय कामकाज का नियंत्रण हासिल करने के लिए संपन्न मतदान में
जीत हासिल कर ली.
इस बीच सरकार के खिलाफ वोट करने के बाद तीन जूनियर
मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया. इनमें से विदेश कार्यालय मंत्री एलिस्टेयर
बर्ट और स्वास्थ्य मंत्री स्टीव ब्राइन ने इस्तीफा दे दिया, जबकि उद्योग
मंत्री रिचर्ड हैरिंगटन ने टि्वटर पर सरकार छोड़ने के फैसले की घोषणा की.
बहरहाल, ब्रेक्जिट मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि वह मतदान से बहुत
”निराश” है.
यूरोपीय संघ से अलग होने के लिए वोट करने के तीन साल
बाद सोमवार को हुए मतदान ने इस कटु राजनीतिक संकट को खत्म करने के सबसे
बेहतर तरीके को लेकर सरकार और संसद के बीच संभावित संघर्ष की राह तैयार कर
दी है. सांसदों के पास अब विभिन्न विकल्पों पर मतदान करने का मौका होगा
जैसे कि अनुच्छेद 50 हटाना और ब्रेक्जिट रद्द करना, एक और जनमत संग्रह
कराना या बिना समझौते के ही यूरोपीय संघ से अलग हो जाना.
हालांकि अगर सांसदों को बहुमत मिल भी जाता है तो भी सरकार उनके निर्देशों का पालन करने के लिए कानूनी रूप से बाध्य नहीं है.