नई दिल्ली-फंड जुटाने की तैयारी कर भारतीय टेलीकॉम कंपनी एयरटेल में सिंगापुर टेलीकम्युनिकेशंस लिमिटेड (सिंगटेल) 52.5 करोड़ डॉलर की कीमत के शेयर खरीदेगी। एयरटेल भारत की दूसरी बड़ी टेलीकॉम कंपनी है। एयरटेल शेयर और बॉन्ड्स बिक्री की मदद से 4.6 अरब डॉलर जुटाने की योजना बना रही है। कंपनी ने पिछले महीने ही फंड जुटाए जाने की योजना बनाई थी ताकि बढ़ते कर्ज के दबाव को कम किया जा सके।भारती एयरटेल की योजना 220 रुपये प्रति शेयर के लिहाज से 250 अरब रुपये जुटाने की योजना है, जो मौजूदा शेयर प्राइस के मुकाबले करीब 20 फीसद का डिस्काउंट है। इसके अलावा 70 अरब रुपये की राशि विदेशी मुद्रा वाले बॉन्ड के जरिए जुटाने की है।राइट्स ऑफर के बाद सिंगटेल की एयरटेल में हिस्सेदारी में बढ़कर 35.2 फीसद हो जाएगी सिंगटेल की एयरटेल में सीधी और प्रत्यक्ष 15 फीसद की हिस्सेदारी है।सिंगटेल इंटरनैशनल ग्रुप के सीईओ ऑर्थर लंग ने कहा, ‘हम राइट्स ऑफर में शिरकत कर रहे हैं। यह एयरटेल के प्रति हमारी प्रतिबद्धता और भारतीय बाजार के भविष्य को लेकर हमारा विश्वास है।’भारतीय एयरटेल के दो बड़े शेयरधारक भारती ग्रुप और भारती टेलीकॉम अपने हिस्से के शेयरों की खरीदारी करेंगे। वहीं सिंगापुर का जीआईसी प्राइवेट लिमिटेड करीब 50 अरब रुपये की पूंजी निवेश करेगा।भारतीय टेलीकॉम मार्केट में बढ़ती प्रतिस्पर्धा की वजह से अन्य कंपनियों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। दिसंबर तिमाही में भारती एयरटेल के मुनाफे में करीब 72 फीसद की गिरावट आई है। वहीं सिंगटेल के मुनाफे में तीसरी तिमाही में 14 फीसद की कमी आई है।रिलायंस जियो इन्फोकॉम के प्राइस वॉर की वजह से अन्य टेलीकॉम कंपनियों को न केवल अपने डेटा प्लान को संशोधित करना पड़ा है, बल्कि कीमतों में कटौती के लिए भी मजूबर होना पड़ा है।2016 में मुकेश अंबानी ने जियो के जरिए टेलीकॉम बाजार में प्राइस वॉर की शुरुआत की थी।