वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने माना है कि राष्ट्रपति चुनाव से पहले उनका बेटा उनके प्रतिद्वंद्वी के बारे में सूचना हासिल करने के लिए रूसी वकील से मिला था। हालांकि, ट्रंप ने इस बैठक का बचाव करते हुए इसे कानूनी करार दिया है।नौ जून, 2016 को डोनाल्ड ट्रंप जूनियर की रूसी वकील नतालिया वेसेलनितस्काया के साथ मुलाकात को लेकर यह राष्ट्रपति ट्रंप का अब तक का सबसे स्पष्ट बयान है। विशेष अभियोजक रॉबर्ट मुलर इस मामले की जांच कर रहे हैं कि रूस ने 2016 के राष्ट्रपति चुनाव को प्रभावित किया था। अमेरिकी खुफिया अधिकारियों का मानना है कि रूस ने ट्रंप को जिताने की साजिश रची थी।हालांकि, ट्रंप ने रूस के साथ किसी तरह की साठगांठ से इन्कार किया है। उन्होंने इस जांच को अमेरिका के राजनीतिक इतिहास का सबसे ‘कुत्सित शिकार’ करार दिया है। रूस भी लगातार नवंबर 2016 के चुनाव में कथित हस्तक्षेप से इन्कार करता आया है। राष्ट्रपति चुनाव में ट्रंप ने डेमोक्रेटिक उम्मीदवार हिलेरी क्लिंटन को हराया था।अमेरिकी मीडिया में इस तरह की खबरें आ रही हैं कि राष्ट्रपति ट्रंप को डर लग रहा है कि रूसी जासूस के साथ मुलाकात के चलते उनके बेटे पर कानूनी शिकंजा कस सकता है। लेकिन, ट्रंप का कहना है कि इसमें कोई सच्चाई नहीं है कि मैं अपने बेटे को लेकर चिंतित हूं। यह फर्जी खबर है।वह बैठक एक विरोधी के बारे में सूचना हासिल करने के लिए थी। उसमें कुछ भी गैरकानूनी नहीं था। राजनीति में ऐसा पहले भी होता रहा है। और मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी।राष्ट्रपति का यह बयान उनकी टीम के पुराने दावों के विपरीत है। न्यूयार्क टाइम्स में सबसे पहले खबर छपने के बाद डोनाल्ड ट्रंप जूनियर ने कहा था कि नतालिया के साथ रूसी बच्चों को अमेरिकियों द्वारा गोद लेने पर रोक के बारे में चर्चा हुई थी।हालांकि, बाद में उन्होंने माना था कि उन्हें ऐसी सूचना दिए जाने की पेशकश हुई थी, जिससे हिलेरी को हराया जा सकता था। इसके बाद ही वे बैठक के लिए तैयार हुए थे।