अग्रणियों द्वारा दिए गए भरपूर योगदान को याद करने पर दिया ज़ोर
चंडीगढ़ – आज के समय में पंजाबी सिनेमा विश्व स्तर पर अपनी अनोखी छाप छोड़ रहा है और संसार का कोई भी ऐसा कोना नहीं जहाँ पंजाबी सिनेमा ने प्रसिद्धि हासिल न की हो। यह विचार मनदीप सिद्धू द्वारा लिखी पुस्तक ‘पंजाबी सिनेमा का सचित्र इतिहास’ के विमोचन के अवसर पर राणा गुरमीत सिंह सोढी ने प्रकट किए जिसमें 1935 से 1985 तक पंजाबी सिनेमा का इतिहास दिखाया गया है।नोर्थ ज़ोन फि़ल्म और टी.वी. आर्टिस्ट एसोसिएशन, पंजाब कला परिषद द्वारा आयोजित किये गए समागम में मंत्री ने बताया कि पंजाबी सिनेमा के विकास के लिए नेताओं द्वारा डाले गए भरपूर योगदान को आने वाली नसलों द्वारा हमेशा याद रखा जाना चाहिए। मंत्री ने आगे बताया कि पंजाबी सिनेमा ने आज के समय में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी एक विलक्षण पहचान बनाई है और इस शानदार सफलता सदका हरेक पंजाबी को पंजाबी सिनेमा पर भरपूर गर्व है।पंजाबी फि़ल्म जगत को हर संभव सहयोग देने की अपनी वचनबद्धता को दोहराते हुए स. सोढी ने नोर्थ ज़ोन फि़ल्म और टी.वी. आर्टिस्ट एसोसिएशन के लिए 5 लाख रुपए की राशि देने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि ऐसी संस्थाएं फि़ल्म जगत की समस्याओं को सरकार तक पहुँचाने के लिए अहम भूमिका निभाती हैं जिससे यह यकीनी बनाया जा सके कि फि़ल्म कलाकारों को प्रेरित करने के साथ-साथ ज़रूरत पडऩे पर तकनीकी सहायकों और पुराने कलाकारों की सहायता करने के लिए ज़रूरी कदम उठाए जाएँ। इस मौके पर अदाकारों और फि़ल्म निर्माता प्रीति सप्रू का सम्मान भी किया गया।इस अवसर पर एसोसिएशन के चेयरमैन और पंजाबी सिनेमा के प्रमुख श्री गुग्गू गिल के अलावा प्रधान श्री गुरप्रीत घुग्गी, उप प्रधान करमजीत अनमोल, गिप्पी गरेवाल, सुनीता धीर, श्री बी.एन. शर्मा, श्री मलकीत रौनी और पम्मी बाई उपस्थित थे।