एपल का रेवेन्यू 5% घटकर 5.9 लाख करोड़ रु रहा, 17 साल में पहली बार दिसंबर तिमाही में कमजोर प्रदर्शन
दिसंबर
तिमाही में मुनाफा 1% घटकर 1.41 लाख करोड़ रुपए। एपल ने मंगलवार को तिमाही
नतीजे घोषित किए। 2018 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में एपल को 1.41 लाख
करोड़ रुपए (1,997 करोड़ डॉलर) का मुनाफा हुआ। यह 2017 की दिसंबर तिमाही से
1% कम है। रेवेन्यू में 4.5% की गिरावट आई है। यह 5.98 लाख करोड़ रुपए
(8,431 करोड़ डॉलर) रहा है। चीन में बिजनेस कमजोर रहने और आईफोन की बिक्री
में कमी की वजह से ऐसा हुआ है। 2017 की दिसंबर तिमाही के मुकाबले 2018 की
दिसंबर तिमाही में एपल 15% कम आईफोन बेच पाई। आईफोन लॉन्च (2007) होने के
बाद पहली बार ऐसा हुआ है कि इसकी बिक्री में कमी दर्ज की गई है। एपल का 60%
रेवेन्यू आईफोन की बिक्री से आता है।चीन से रेवेन्यू 27% घटा, आईफोन की
बिक्री में 15% गिरावट आई। इससे पहले 2001 की दिसंबर तिमाही में
रेवेन्यू-प्रॉफिट में कमी आई थी।
17 साल में पहली बार ऐसा हुआ है कि
दिसंबर तिमाही में एपल के मुनाफे और रेवेन्यू में गिरावट आई है। इससे पहले
2001 में ऐसा हुआ था। एपल के लिए दिसंबर तिमाही इसलिए अहम है क्योंकि यह
छुट्टियों वाली तिमाही होती है जिसमें बिक्री बढ़ने की उम्मीद रहती है।
सर्विसेज रेवेन्यू में 19% ग्रोथ
2018
की दिसंबर तिमाही में एपल का सर्विसेस रेवेन्यू 77,390 करोड़ रुपए (1,090
करोड़ डॉलर) रहा। यह अब तक का रिकॉर्ड है। दिसंबर 2017 के मुकाबले यह 19%
ज्यादा है। सर्विसेज में एपल पे, एपल म्यूजिक, और आईक्लाउड स्टोरेज जैसी
सेवाएं शामिल हैं। वियरेबल्स और एसेसरीज से कंपनी की बिक्री में 33% इजाफा
हुआ है।
कंपनी के सीईओ टिम कुक ने 2 दिसंबर को निवेशकों को पत्र
लिखकर कहा था कि चीन में बिक्री घटने की वजह से दिसंबर तिमाही में कुल
रेवेन्यू पिछले अनुमान से 5.5% कम रहेगा। उन्होंने कहा था कि कंपनी का
रेवेन्यू 5.8 लाख करोड़ रुपए रहेगा। पहले 6.2 से 6.5 लाख करोड़ रुपए का
अनुमान जारी किया गया था। 2018 की दिसंबर तिमाही में चीन के एपल की कमाई
93,507 करोड़ रुपए (1,317 करोड़ डॉलर) रही। यह 2017 की दिसंबर तिमाही के
1.27 लाख करोड़ रुपए (1,796 करोड़ डॉलर) के रेवेन्यू की तुलना में 27% कम
है।
दिसंबर तिमाही का रेवेन्यू गाइडेंस घटाने का बाद यह माना जा रहा
था कि एपल को बड़ा नुकसान हो सकता है। लेकिन, कंपनी का मुनाफा और रेवेन्यू
विश्लेषकों के अनुमान के आस-पास ही रहा। इसलिए मंगलवार को शेयर में 5.5%
तेजी आई। एपल के सीईओ टिम कुक ने नतीजों पर कहा कि रेवेन्यू गाइडेंस मिस
होना निराशाजनक था लेकिन, लंबे समय के लिए हम बेहतर स्थिति में हैं। दिसंबर
तिमाही के नतीजे दर्शाते हैं कि एपल के बिजनेस का आधार मजबूत है। दिसंबर
तिमाही में एक्टिव इंस्टॉल डिवाइस की संख्या 140 करोड़ रही। सर्विसेज
सेगमेंट की ग्रोथ सभी देशों में अच्छी रही। एपल ने इस बार यह नहीं बताया है
कि आईफोन, आईपैड और मैक की कितनी यूनिट बिकीं। कंपनी ने पिछली बार नतीजे
घोषित करते वक्त ही कह दिया था कि अगली बार से बिक्री की संख्या के बजाय
सिर्फ रेवेन्यू के आंकड़े पेश किए जाएंगे।
विश्लेषकों ने
जनवरी-मार्च तिमाही में एपल का रेवेन्यू 4.17 लाख करोड़ रुपए रहने का
अनुमान जताया है। लेकिन, कंपनी का अपना अनुमान इससे काफी कम है। एपल ने
3.90 लाख करोड़ से 4.18 लाख करोड़ रुपए का रेवेन्यू गाइडेंस दिया है।