खेल
हॉकी खिलाड़ी अजीत पाल ने विश्व हैपेटायटस दिवस के अवसर पर हैल्थकेयर पेशेवरों द्वारा करवाई गई ‘रन फॅार अवेयरनैस’ का किया नेतृत्व
स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता के लिए ट्रायसिटी के लोगों ने बड़े स्तर पर लिया हिस्सा
चंडीगढ – स्वास्थ्य के क्षेत्र और आम लोगों के मध्य अकादमिक और स्वास्थ्य सम्बन्धी जागरूकता गतिविधियों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े पेशेवरों द्वारा बनाई संस्था ‘जी एल रैंजवस ’ द्वारा आज विश्व हैपेटायटस दिवस के अवसर पर यहां सुखना झील से कैपीटल कंपलैक्स तक ‘रन फॉर अवेरनैस्स’ शीर्षक के तहत इवेंट करवाया गया। भारत को अपनी कप्तानी के द्वारा एकमात्र विश्व कप जीताने वाले महान हॉकी ओलम्पियन पद्म श्री अजीत पाल सिंह के नेतृत्व अधिन करवायी गई इस जागरूकता दौड़ में ट्राइसिटी के 300 के करीब व्यक्तियों ने हिस्सा लिया।विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा हरेक वर्ष 28 जुलाई को विश्व हैपेटायटस दिवस वैश्विक स्तर पर मनाया जाता है। इस वर्ष विश्व हैपेटायटस दिवस के विषय ‘फाईंड द मिसिंग मिलियनज़’ को पीजीआइ के हैपाटोलोजी विभाग के प्रोफ़ैसर और नैशनल वायरल हैपेटायटस कंट्रोल प्रोग्राम के चेयरमैन डा. आर.के. धीमान द्वारा उचित ढंग से उजागर किया गया। उन्होंने तकरीबन 300 लोगों के साथ लीवर के बचाव और हैपेटायटस के ख़ात्मे सम्बन्धी अपने मूल्यवान विचार भी सांझे किये। यहां एकत्रित हुए लोगों में से ज़्यादातर ने सुखना झील में करवाई ‘रन फॉर अवेरनैस’ में हिस्सा लिया और डा. आ.के. धीमान के जागरूकता फैलाने सम्बन्धी यत्नों की सराहना की। इस दौड़ में विशेष मेहमान के तौर पर पहुँचे हॉकी ओलम्पियन अजीत पाल सिंह ने डा. धीमान के विचारों पर आगे बोलते हुये कहा कि जिगर हमारे शरीर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है और स्वास्थ रहने के लिए इसकी देखभाल अति ज़रूरी है। इस दौड़ में हिस्सा लेने वालों में हॉकी के दिग्गज खिलाड़ी अजीत पाल सिंह के साथ फोटो खिंचवाने का अधिक उत्साह देखने को मिला। उन्होंने बच्चों के साथ 1975 के विश्व कप की यादें ताज़ा की और उनको प्रेरित किया। नगर निगम चण्डीगढ़ के कमिश्नर और चंडीगढ़ के खेल सचिव श्री के.के. यादव ने दोनों मशहूर सख्सियतों का विशेष के तौर पर धन्यवाद किया और कहा कि ऐसे इवेंट का हिस्सा होना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने आगे कहा कि अपने आप को स्वास्थ्य और तंदुरूस्त रखने सम्बन्धित लोगों के मध्य जागरूकता पैदा करने वाले ऐसे इवेंट का नगर निगम समर्थन करता है। ‘जी एल रैंजवस ’ के कनवीनर डा. गुरबिलास पी. सिंह और डा. सुखबीर सिंह सोढी ने कहा कि वह विभिन्न स्टरिमों और ट्राइसिटी के विभिन्न अस्पतालों में से उनके मैडीकल साथियों और चंडीगढ़ के रनर्ज़ समेत इंडसंड बैंक रनर्ज़, जोकि करनाल तक से इस इवेंट में हिस्सा लेने के लिए बड़े उत्साह के साथ पहुँचे हैं, को देख कर वह बड़े खुश हैं। हैल्थकेयर पेशेवरों की टीम ने कहा कि वह पिछले 3 वर्षों से पंजाब भर में हैपेटायटस दिवस मना रहे हैं परन्तु ट्राइसिटी में उनको कहीं अधिक उत्साह देखने को मिला है। गौरतलब है कि हैपेटायटस सी का इलाज जिस पर लाखों रुपए का ख़र्च आता है, वर्ष 2016 से पंजाब में प्रत्येक को मुफ़्त दिया जा रहा है और हरियाणा ने भी इसको अपनाया है। यह मॉडल अब डा.आर.के. धीमान और उनकी पी.जी.आइ. टीम द्वारा विकसित पंजाब मॉडल के नाम से प्रसिद्ध है। यह मॉडल अब दूसरे राज्यों द्वारा भी अपनाया जा रहा है और डा. धीमान ने बताया कि महाराष्ट्र ने यह काम आज से ही शुरू कर दिया है।गुरू नानक स्कूल के एन.सी.सी. कैडिट इस इवेंट में अपना सहयोग देने के लिए पहुँचे थे। इस अवसर पर अन्यों के अलावा, ओलम्पियन गुरदिश पाल सिंह, पंजाबी गायक हरदीप, सुखजीत लैहल, डा. जसप्रीत सिंह बाठ, रणबीर सिंह राणा, डा. सुविर गुप्ता (जनरल अस्पताल सैक्टर 16, चंडीगढ़ से लेपारोस्कोपिक सर्जन) और दीपक शर्मा उपस्थित थे।