खेल
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विराट के कभी हार नहीं मानने के जज्बे की होगी परीक्षा
विश्व कप के अपने दूसरे मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विराट कोहली के कभी हार नहीं मानने के जज्बे की कड़ी परीक्षा होगी। ऐसा इसलिए भी होगा क्योंकि ऑस्ट्रेलिया ने वैसी लय हासिल कर ली है, जिसके लिए यह टीम जानी जाती है। यानी कि नाउम्मीदी भरे हालात से वापसी कर मैच जीतने की कला।ऑस्ट्रेलिया की किसी टीम में ऐसा जज्बा पहली बार मैंने 1987 के विश्व कप में देखा था। तब खेल को लेकर उनका नजरिया 1983 के विश्व कप से बिलकुल अलग था। भारत के खिलाफ उनका पहला और इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल मुकाबला इसका जीता जागता उदाहरण है। उस विश्व कप के इन दो मुकाबलों में कोई भी दूसरी टीम होती तो हार मान लेती। मगर एलन बॉर्डर की टीम ने ऐसा नहीं किया। यह टीम किसी भी हालात में हार नहीं मानती और यही वजह है कि इसने पिछले आठ में से पांच विश्व कप जीते हैं। आक्रामक क्रिकेट खेलना और बड़े अंतर से जीत हासिल करना, किसी भी टॉप टीम के खेल का हिस्सा होता है। क्रिकेट अंत तक मुकाबले में बने रहने और इस दौरान मिलने वाले अवसरों को भुनाने का ही नाम है।अब बात रविवार को होने वाले भारत-ऑस्ट्रेलिया के मुकाबले की करते हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ पिछले मुकाबले में हमने देखा कि फिंच एंड कंपनी को हराया जा सकता है। टीम को भाग्य का भी साथ मिला और नाथन कूल्टर नाइल ने फिल्मी अंदाज में उन्हें मुकाबले में ला खड़ा किया। कई मामलों में इस मुकाबले से यह भी तय हो जाएगा कि किस टीम की सेमीफाइनल की राह आसान होने वाली है। यह मुकाबला सिर्फ अंक तालिका में दो अंक जोड़ने भर का नहीं है।रोहित शर्मा का शतक बेहद खूबसूरत रहा। बिलकुल किसी फूल की तरह। टीम के अनुभवी ओपनर को जिस तरह की परिपक्वता और धैर्य दिखाना चाहिए था, उन्होंने बिलकुल वैसा ही दिखाया। हालांकि, मुझे लगता है कि अब फिर से चर्चा का केंद्र विराट कोहली बन जाएंगे।ऑस्ट्रेलियाई टीम हमेशा से विपक्षी टीम के कप्तान को निशाना बनाती है और ऐसे में काफी कुछ इस बात पर निर्भर करेगा कि कोहली हालात का सामना कैसे करते हैं। ऑस्ट्रेलिया का गेंदबाजी विभाग फिलहाल मिचेल स्टार्क पर निर्भर नजर आ रहा है। मुझे नहीं लगता कि उनके अलावा अन्य कोई गेंदबाज टीम इंडिया के बल्लेबाजों के लिए खतरा बन सकता है। अगर स्टार्क ज्यादा नुकसान नहीं कर पाए तो भारतीय टीम दबदबा बनाने में सफल रहेगी।इस बात में भी कोई रहस्य नहीं है कि स्पिन इस मैच में अहम भूमिका निभाएगी। ऑस्ट्रेलियाई टीम एक मुश्किल मैच जीतकर आई है, जबकि टीम इंडिया को उसकी तुलना में अपने पहले मुकाबले में आसान जीत मिली। कागजों पर दोनों टीमें अच्छी दिख रही हैं, लेकिन देखना दिलचस्प होगा कि कौन सी टीम सभी विभागों में दूसरी टीम पर भारी पड़ती है।