पंजाब
संगरूर पुलिस ने तुरंत कार्यवाही करते हुए धुरी स्कूल नाबालिग रेप केस का मामला सुलझाया
मुख्यमंत्री के आदेशों का पालन करते हुए एक सप्ताह के भीतर दोषी के विरूद्ध आरोप पत्र किया पेश
चंडीगढ़ – मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के आदेशों पर तेजी से कार्रवाई करते हुए पंजाब पुलिस ने आज मंगलवार को धूरी स्कूल नाबालिग बलात्कार मामले में, जिसने पूरे राज्य को हिलाकर रख दिया था, के एक सप्ताह के भीतर आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया। आरोपी कमल कुमार की डीएनए जांच रिपोर्ट एफएसएल मोहाली से मामले (एफआईआर नं.95 दिनांक 26.05.2019 धारा 363, 376, 376एबी, 201आईपीसी, 6, 21 (2) पोस्को एक्ट 2012 और धारा 75 जूवनाईल जस्टिस एक्ट 2015 पीएस सिटी धुरी) तहत मिलने के तुरंत बाद ही आज सैशन जज संगरूर की अदालत में चालान पेश किया गया । आरोपी कमल कुमार को 26 मई को उस समय तुरंत गिरफ्तार किया जब धुरी पुलिस को सिविल सर्जन धुरी की ओर से एक 5 साल की स्कूली बच्ची के रेप संबंधी शिकायत मिली थी। एएसआई मलकीत सिंह ने अस्पताल पहुंच कर पीडि़ता के पिता के बयान के आधार पर तुरंत ही धारा 363, 376 और 6 पोस्को एक्ट, 2012 के तहत मामला दर्ज कर लिया था। पीडि़ता की मेडिकल जांच करवाई गई और उसके स्वैब, खून के नमूने, कपड़े आदि एफएसएल मोहाली को भेजे गये थे।मामले की गंभीरता को देखते पुलिस थाना सीटी धुरी की एस आई रवीन्द्र कौर ने जांच का जिम्मा सांभालते हुए एफ आई आर में धाराएं 376 ए बी और पौकसो एक्ट 2012 की धारा 21 (2) भी जोड़ दी। कमल कुमार, जिसको कि उसी दिन गिरफ़्तार कर लिया गया था, को अगले दिन पुलिस रिमांड में भेज दिया गया और स्कूल की मैनेजमेंट -तरसेम चंद, जीवन कुमार जैन और स्कूल इंचार्ज बबीता रानी को भी गिरफ़्तार कर लिया गया। एक विशेष जांच टीम (यह आई टी) एस पी (पंजाब ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन) गुरमीत सिंह के नेतृत्व में गठित की गई जिसके बाकी मैंबर डी एस पी (एस डी धुरी) मोहित कुमार अग्रवाल, इंस्पेक्टर गुरमीत कौर (इंचार्ज पुलिस ट्रेनिंग स्कूल, पुलिस लाईन संगरूर), एस एच ओ पुलिस थाना सीटी धुरी और एस एच ओ पुलिस थाना सदर धुरी बनाए गए और टीम की निगरानी एस एस पी संगरूर द्वारा की गई।जांच के दौरान एस आई टी द्वारा धाराएं, 201 आई पी सी और जुवीनाईल जस्टिस एक्ट 2015 की धारा 75 भी मामले में जोड़ी गई।एस आई टी ने मैनेजमेंट सदस्यों का एक दिन का पुलिस रिमांड लिया और घटना स्थल का दौरा भी किया। एक साईट मेप बनाया गया और स्कूल के सी सी टी वी कैमरों की डी वी आर और अन्य कागज़ात समेत पीडि़ता के कपड़े, जन्म सम्बन्धी रिकार्ड, दाखि़ले का रिकार्ड और पेरंट-टीचर मीटिंग का रिकार्ड पुलिस द्वारा अपने कब्ज़े में ले लिया गया। दोषी का मोबाइल फ़ोन भी पुलिस ने अपने कब्ज़े में ले लिया और डी वी आर और फ़ोन स्टेट साईबर सैल, मोहाली को फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए।